मेरी बातों को , नज़र अंदाज ना करो , एक बार तो सुनो , मेरी फरियाद , मेरी आवाज़ , मैं कौन हूँ? , बेनाम हूँ , मुसाफिर , या तुम से अनजान हूँ , ना में ईश्वर हूँ , ना बेमान हूँ , मैं एक आम इंसान हूँ। जो मैं करू , वो एक फरमान है , मेरी आवाज़ , एक दरख्वास्त है , एक मुहिम है , जो तुम तक पहुँचे , वो मेरा नाम है , पहचान